हिन्दी
返回

लेख

首页

A+ A A-

返回

नेपाल में अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे का निर्माण करने वाले चीनी आदमी नी चिएक्वो की कहानी

2019-10-08 15:35:00

हवाई अड्डा सुधारने के महत्व की चर्चा करते हुए नेपाल के पुलिस कर्मी गोकर्ण चौहान ने कहा कि निर्मित हो रहा नेपाली गौतम बुद्ध अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा नेपाल का दूसरा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा होगा। बुद्ध शाक्यमुनि के जन्म स्थल लुम्बिनी की यात्रा करने वाले बौद्ध धर्म के अनुयायियों के लिए इस नए हवाई अड्डे का बड़ा महत्व है। इस हवाई अड्डे के निर्माण का काम करने वाले चीनी लोग मेरे दोस्त हैं। वे हवाई अड्डे के निर्माण के लिए हमें सहायता देते हैं। हम सभी इन चीनी मित्रों का सम्मान करते हैं।

2015 की जनवरी में हवाई अड्डे के निर्माण का कार्य शुरू होने से नी चिएक्वो और उस के चीनी सहयोगियों ने नेपाल के भूकंप, सामग्री की कमी और अपर्याप्त बिजली की आपूर्ति जैसी कठिनाईयों को दूर किया। हालांकि कार्य के दौरान चीन और नेपाल के विभिन्न तकनीकी मानकों की वजह से दोनों पक्षों के बीच कुछ मतभेद हुए थे। लेकिन अंतिम रूप से उत्तम तकनीक और जिम्मेदार रवैये से चीनी उद्यम को नेपाली दोस्तों का सम्मान मिला। इस परियोजना के प्रबंधक शुई बोयिंग ने इस परियोजना से संबंधित कई अनुभव बताया। पहला, पहली बार नेपाल में हवाई अड्डे के निर्माण के लिए तकनीकी विनिर्देश बनाए गए थे। हमारे चीनी उद्यम ने पहली बार इसे प्रचारित किया था। यह सबसे सफल कार्य है। दूसरा, स्थानीय क्षेत्र के लिए योगदान किया गया। 5 वर्षों में हर वर्ष कम से कम 3 सौ से अधिक नौकरियां प्रदान की जाती है, जिससे स्थानीय क्षेत्र को आर्थिक लाभ मिला, जो नेपाल के विभिन्न स्तर की सरकारों और अधिकारियों की मान्यता भी मिली।

चीनी उद्यम ने नेपाल की परियोजना में स्थानीय तकनीकी प्रतिभाओं को प्रशिक्षित किया। नेपाली गौतम बुद्ध अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा सुधारने की परियोजना के इलेक्ट्रिकल इंजीनियर सोंग चुन ने परिचय देते हुए कहा कि हमने स्थानीय के लिए साइट पर माप, उपकरण प्रबंधन और संचालन के कई तकनीकी कर्मियों को प्रशिक्षित किया। उनमें से कई कर्मी स्वतंत्र रूप से चीनी उपकरण का संचालित कर सकते हैं। नेपाल की सरकार इससे संतुष्ट है।